For hater Shayari

 अम्बिका का शायरी  घृणा करने वालो के लिए 

1 हमारे पूर्वज तो पत्थरों से आग जलाते थे

हमने तो अपने कार्यो से आग जला दिया



2 हमसे जमाना चलती हैं 

जमाने से हम नहीं


3 कोई कैप🧢 नहीं

ऊपर जा रहा है

No Cap🧢
Going Up….






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