रोवेले रघुराई पवन सिंह भोजपुरी में कुछ मिठास




भोजपुरी भाषा में 

शक्तिबाण  लागल  लक्ष्मण  के   रोवेले  रघुराई 

शक्तिबाण  लागल  लक्ष्मण  के   रोवेले  रघुराई 
अखियां  खोला  बबुआ  ओह्ह  अखियां  खोला  बबुआ 
बोलब  केके  छोटका  भाई  अखियां  खोला  बबुआ 

का  जाके हम  कहब  अवध  में पूछिहै  तीनो  माई 
अखियां  खोला  बबुआ  बोलब  केके  छोटका  भाई  अखियां  खोला  बबुआ 

राजभवन  के  त्याग  तू  हमारा साथे  बन  में  आइला 
धरम  करम  दुनहु  से  बढ़  भाई  के  सेवा  कइला
फिर  बोला तोहरा  बिन  हमरा  कइसे जियल  जाइ
अरे  कइसे  जियल  जाइ  अखियां  खोला  बबुआ  अखियां  खोला  बबुआ 
आ   बोलब  केके  छोटका  भाई  अखियां  खोला  बबुआ , बोलब  केके  छोटका  भाई  अखियां  खोला  बबुआ .

सूर्यवंश के  सूरज  डूबी  रघुकुल  लगी  दागी
जुग जुग  बात  चली  इहे  भौजाई  रहली  अभागी 
अवध  के  लोग   कही  हमके  चल  अइले जान  बचाई  आ  चल  अइले  जान  बचाई 
अखियां  खोला  बबुआ  अखियां  खोला  बबुआ 
बोलब  केके  छोटका  भाई  अखियां  खोला  बबुआ 
बोलब  केके  छोटका  भाई  अखियां  खोला  बबुआ

हिंदी भाषा में 

शक्तिशाली बाणों से घायल हुए लक्ष्मण के लिए रघुराई रोते हैं
शक्तिशाली बाणों से घायल हुए लक्ष्मण के लिए रघुराई रोते हैं
अखियां खोला बबुआ ओह्ह अखियां खोला बबुआ
मैं तुमसे बात करूंगा, छोटे भाई, अपनी आंखें खोलो, बेबी

अवध में क्या कहूँ, तीनों माताएँ पूछेंगी?
अखियां खोला बबुआ बोलब केके छोटका भाई अखियां खोला बबुआ

तुम राजमहल छोड़कर हमारे साथ वन में आ गये
धर्म और कर्म दोनों से ऊपर उठकर अपने भाई की सेवा करना
फिर उसने कहा, मैं तुम्हारे बिना कैसे रह सकता हूँ?
अरे कैसे जियाल जाई अखियां खोला बबुआ
और मैं केके छोटका भाई से बात करूंगा आंखें खोलो बबुआ, मैं केके से बात करूंगा छोटका भाई आंखें खोलो बबुआ

सूर्यवंश का सूर्य डूब गया रघुकुल कलंकित हो गया
सदा-सदा यह भाभी अभागी रही
अवध के लोग कहेंगे, 'आओ, अपनी जान बचाओ,' और 'आओ, अपनी जान बचाओ।'
अखियां खोला बबुआ अखियां खोला बबुआ
मैं तुमसे बात करूंगा, छोटे भाई, अपनी आंखें खोलो, बेबी
मैं तुमसे बात करूंगा, छोटे भाई, अपनी आंखें खोलो, बेबी

Video Links

Economics Help 

9708278315



With Connect 

YouTube JCERT

2    Enter10

Whatsapp  Ambika Research

Instagram 1 ambikasirgeography

Instagram 2 ambika_garhwa

Facebook Page  Ambika Research 

Telegram Ambika Sir Geography


Post a Comment

0 Comments